Lucknow : अपर मुख्य सचिव चिकित्सा ने कोविड-19 इन्ट्रीग्रेटेड कमाण्ड सेन्टर का किया निरीक्षण
Lucknow : अपर मुख्य सचिव चिकित्सा ने कोविड-19 इन्ट्रीग्रेटेड कमाण्ड सेन्टर का किया निरीक्षण

Lucknow. अपर मुख्य सचिव चिकित्सा शिक्षा डॉ. रजनीश दुबे व मण्डलायुक्त मुकेश कुमार मेश्राम ने कोरोना संक्रमण की रोक थाम व उपचार सम्बन्धी व्यस्थाओं को लेकर लालबाग स्थित कोविड-19 इन्ट्रीग्रेटेड कमाण्ड सेन्टर का निरीक्षण किया। इस दौरान जिलाधिकारी अभिषेक प्रकाश, मुख्य विकास अधिकारी मनीष बंसल, नगर आयुक्त डॉ. इन्द्रमणि त्रिपाठी, मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ नरेन्द्र अग्रवाल सहित सभी सम्बन्धित अधिकारी उपस्थित थे। वहीं, अपर मुख्य सचिव ने कोविड अस्पताल L1, L2, L3 व नान-कोविड अस्पतालों में उपलब्ध बेड और मरीजों की संख्या को देखते हुए बेड की उपलब्धता को लेकर निर्देश दिये गये।

अपर मुख्य सचिव ने दिये गये ये निर्देश

- कोविड-19 इन्ट्रीग्रेटेड कन्ट्रोल एवं कमाण्ड सेन्टर में कार्यरत समस्त कर्मचारियों की ट्रेनिंग करायी जाये कि उनको क्या-क्या कार्य करने है तथा किस प्रकार करने है।

- संक्रमित शव का डिस्पोजल कराने के लिये 02 अतिरिक्त वाहनों की व्यवस्था सुनिश्चित करायी जाये। जिससे शव का डिस्पोजल समय से सुविधानुसार किया जा सके।

- गम्भीर मरीजों को अस्पतालों में शिफ्ट करने के लिए उपलब्ध 38 सरकारी एम्बूलेंस का प्रयोग किया जाये और जिन मरीजों में कोविड संक्रमण के लक्षण है, लेकिन वह गम्भीर अवस्था में नही है। ऐसे मरीजों को शिफ्ट करने के लिये अन्य 40 वाहन को किराये पर लेकर मरीजों को शिफ्ट कराया जाये। जिससे समय से सुविधानुसार मरीजों को अस्पताल में भर्ती कराया जा सके तथा किसी प्रकार की कोई समस्या उत्पन्न न हो।

- L3 स्तर के अस्पतालों में गम्भीर मरीजों  को ही शिफ्ट या भर्ती कराया जाये। अगर किसी घर के 4 व्यक्ति संक्रमित है और उनमें 1 गम्भीर है व 3 मरीज स्टेबल है तो गम्भीर मरीज को L3 अस्पताल में व अन्य 3 को L2 व L1 अस्पताल में भर्ती कराया जाये, जिससे L3 अस्पतालों में बेड की उपलब्धता बनी रहें।

- इन्ट्रीग्रेटेड कन्ट्रोल एण्ड कमाण्ड सेन्टर में शिफ्ट वाइज सभी एम्बूलेंस चालकों के मोबाइल नम्बर की उपलब्धता सुनिश्चित करायी जायें।

- नर्सिंग होम एशोसियेशन व नर्सिंग होम संचालकों के साथ बैठक कर उनकों जागरूक किया जायें कि यदि उनके अस्पतालों /नर्सिंग  होम में इलाज के दौरान किसी मरीज की रिपोर्ट कोविड पाजटिव आती है तो उस अस्पताल के उस हिस्से को 24 घण्टे के लिये बन्द कर उसको सेनेटाइज कराया जायेगा न कि पूरे अस्पताल को बंद कराया जायेगा।

- इन्ट्रीग्रेटेड कन्ट्रोल एण्ड कमाण्ड सेन्टर में कार्यरत कर्मचारियों जो काल रिसीव करेगें उनके द्वारा मरीज की बेसिक जानकारी की इन्ट्रीकर वहां उपलब्ध डाक्टरों को जानकारी दी जायेगी मरीज की हिस्ट्री उपलब्ध डाक्टर द्वारा ही ली जायेगी इस कार्य हेतु कमाण्ड सेन्टर में प्रातः व शांय शिफ्ट में 04-04 डाक्टर व रात्रि शिफ्ट में 02 डाक्टरों की ड्यूटी लगायी गयी है।

- मण्डलायुक्त ने बताया कि मा0 मुख्यमंत्री जी के निर्देशानुसार प्रत्येक जनपद में इन्ट्रीग्रेटेड कन्ट्रोल व कमाण्ड सेन्टर स्थापित करने के निर्देशों के क्रम में जनपद लखनऊ में इन्ट्रीग्रेटेड कन्ट्रोल व कमाण्ड सेन्टर की स्थापना की गयी है। इसमें सभी सम्बन्धित विभाग जिनकी कोविड-19 के संक्रमण के रोकथाम व उपचार में भूमिका है वह मिलकर कार्य करेगें। उन्होंने बताया कि “यू0पी0 कोविड 19ट्रैक्स “पोर्टल पर सभी प्रकार की जानकारी रहती है उस जानकारी के अनुसार हम कितने कम समय में उनकी टेस्टिंग कराकर, ट्रेकिंग, कान्टेक्ट ट्रेसिग, ट्रान्सपोर्टेशन व ट्रीटमेण्ट करा सके इसके लिये कार्य किया जायेगा।

जिलाधिकारी ने बताया कि कोविड-19 कन्ट्रोल व कमाण्ड सेन्टर क्रियाशील हो जाने के पश्चात कोविड-19 के संक्रमण की रोकथाम व टेªसिंग के अनुसार बहुत ही कम समय में संक्रमित मरीजों को अस्पताल में भर्ती कराकर उनका उपचार कराया जायेगा तथा आवश्यकतानुसार किराये पर एम्बूलेंस हायर कर कम से कम समय में मरीजों को अस्पताल में भर्ती कराकर उनके उपचार की व्यवस्था सुनिश्चित करायी जायेगी। मरीजों के लक्षण के अनुसार L1, L2 व L3 के अस्पतालों में शिफ्ट कराया जायेगा।

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